मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज 22 अक्टूबर गुरुवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में प्रेस वार्ता की. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस पार्टी पर जमकर निशाना साधा. सीएम धामी ने कहा कि कांग्रेस ने देश में करीब 60 साल तक शासन किया है, लेकिन आज वही पार्टी जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही है.
मुख्यमंत्री धामी ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर कांग्रेस की ओर से उठाए जा रहे सवालों को लेकर भी पलटवार किया. उन्होंने कहा कि कांग्रेस जिस चुनाव आयोग पर सवाल उठा रही है, उसी चुनाव आयोग के तहत हुए चुनावों में कांग्रेस को जीत भी मिली है.
धामी ने कांग्रेस के रुख पर सवाल उठाते हुए कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था के तहत चुनाव में जीत मिलने पर एक तरह का नजरिया और हार मिलने पर दूसरा नजरिया अपनाना उचित नहीं है. उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों को लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाने से पहले अपने रवैये पर भी विचार करना चाहिए.
मुख्यमंत्री धामी ने कांग्रेस की न्याय यात्रा पर भी सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि कांग्रेस पहले भी न्याय यात्रा निकाल चुकी है और जनता इस बात को जानती है कि उस यात्रा के दौरान किस तरह की परिस्थितियां बनी थीं.
सीएम धामी के मुताबिक जब कांग्रेस को जनता का अपेक्षित समर्थन नहीं मिला तो पार्टी के नेताओं ने अपनी राजनीतिक स्थिति की समीक्षा करने के बजाय जनता को ही कटघरे में खड़ा करना शुरू कर दिया. मुख्यमंत्री धामी ने कांग्रेस की यात्रा को लेकर कहा कि केवल यात्राएं निकालने और राजनीतिक नारे देने से जनता का विश्वास हासिल नहीं किया जा सकता. इसके लिए जनता के बीच जाकर उनकी समस्याओं को समझना और उनके हितों के लिए काम करना जरूरी है.
सीएम धामी ने कांग्रेस की राजनीतिक रणनीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि विपक्ष को जनता के सामने अपनी नीतियों और कार्यों का स्पष्ट जवाब देना चाहिए. मुख्यमंत्री के इस बयान को कांग्रेस की न्याय यात्रा के जरिए बनाए जा रहे राजनीतिक माहौल का जवाब देने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है.
31 अक्टूबर को श्रीनगर और 2 नवंबर को देहरादून में पदयात्रा: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ‘लोकतंत्र बचाओ यात्रा’ के कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि 31 अक्टूबर को श्रीनगर में पदयात्रा निकाली जाएगी, जबकि 2 नवंबर को देहरादून में पदयात्रा का आयोजन किया जाएगा.
इसके अलावा ऊधम सिंह नगर में भी यात्रा आयोजित की जाएगी. इन कार्यक्रमों के जरिए भाजपा प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में लोगों तक पहुंचने की तैयारी कर रही है. पद यात्राओं के माध्यम से पार्टी कांग्रेस के आरोपों का जवाब देने के साथ ही अपनी राजनीतिक बात जनता के सामने रखने की कोशिश करेगी.
मुख्यमंत्री की ओर से कार्यक्रम की तारीखों की घोषणा के बाद अब इन पदयात्राओं को लेकर पार्टी संगठन की तैयारियों पर नजर रहेगी. हालांकि, ऊधम सिंह नगर में यात्रा की तारीख और अन्य विस्तृत कार्यक्रम की जानकारी अभी स्पष्ट नहीं की गई है.
2027 के चुनाव से पहले यात्राओं के जरिए सियासी बढ़त बनाने की कोशिश: उत्तराखंड में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक मुकाबला धीरे-धीरे तेज होता दिखाई दे रहा है. दोनों ही दल यात्राओं, जनसंपर्क अभियानों और एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप के जरिए जनता के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रहे हैं.